रात का भारी खाना है कई गंभीर बीमारियों का बुलावा, जानें आयुर्वेद और विज्ञान का सच | Side Effects of Heavy Dinner At Night
नमस्कार दोस्तों, मैं हूँ आपका दोस्त उमाशंकर। हमारे इस नए ब्लॉग पर आप सभी का बहुत-बहुत स्वागत है। दोस्तों, आज हम एक ऐसी आदत पर बात करने जा रहे हैं जो दिखने में बहुत सामान्य लगती है, लेकिन अंदर ही अंदर हमारे शरीर को खोखला कर रही है। वह आदत है—रात के समय बहुत भारी (Heavy) भोजन करना और खाकर तुरंत सो जाना। आज हम आयुर्वेद के नियमों और मॉडर्न मेडिकल साइंस (विज्ञान) के जरिए समझेंगे कि यह आदत हमें कितनी भारी पड़ सकती है। आजकल की व्यस्त लाइफस्टाइल में लोग रात के खाने को सबसे मुख्य खाना बना लेते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि सूरज ढलने के बाद भारी भोजन करना आपके शरीर के साथ कितना बड़ा खिलवाड़ है? आइए इसके पीछे का वैज्ञानिक और आयुर्वेदिक सच जानते हैं: 1. आयुर्वेद का नियम: सूरज ढलते ही पाचन तंत्र का सो जाना आयुर्वेद के महान ग्रंथ बताते हैं कि हमारे पेट की जो पचाने वाली आग (जठराग्नि) होती है, उसका सीधा संबंध सूर्य देव से है। जैसे-जैसे सूरज की रोशनी कम होती है, हमारे पेट की अग्नि भी मंद (धीमी) पड़ जाती है। रात के समय हमारा शरीर आराम की मुद्रा में जाने लगता है। ऐसे में जब हम पनीर, मैदा, तला-...